DURGAPUR

Indian Bank द्वारा दुर्गापुर में एसेट फेयर, नीलामी के लिए 23 करोड़ की संपत्तियां

बंगाल मिरर,   दुर्गापुर : इंडियन बैंक द्वारा पीयरलेस होटल में रविवार को  परिसंपत्ति मेला (एसेट फेयर) का आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य उन संपत्तियों की नीलामी था, जिन्हें बैंक ने लोन अदायगी में असफल ग्राहकों से जब्त किया था। बैंक ने अपने आसनसोल जोनल ऑफिस के अधीन आने वाले पाँच जिलों – पश्चिम बर्दवान, पूर्व बर्दवान, बांकुड़ा, पुरुलिया और बीरभूम – से जुड़ी 63 व्यावसायिक, आवासीय संपत्तियों तथा भूखंड को इस मेले में नीलामी हेतु प्रस्तुत किया। इन संपत्तियों का कुल मूल्य लगभग 23 करोड़ रुपए आ था।मेले में नीलामी के लिए आई संपत्तियों का विवरण डिजिटल तकनीकी की सहायता से उपस्थित जनों तक पहुँचाने का प्रबंध किया गया। प्रत्येक संपत्ति का विस्तृत विवरण प्रोजेक्टर के माध्यम से प्रदर्शित किया गया, ताकि बोली लगाने वालों को बारीकी से सम्पत्ति की जानकारी मिल सके। इसके अतिरिक्त, विभिन्न जिलों के लिए विशेष काउंटर बनाए गए थे, जहाँ उपस्थित लोग सहजता से संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकें। विशेष सुविधा के रूप में एक विशेष क्यूआर कोड का प्रावधान भी किया गया, जिसे स्कैन करने पर बोली लगाने वालों को संपत्ति का विस्तृत विवरण सरलता से प्राप्त हो सके।



इंडियन बैंक के आसनसोल जोन के उप-क्षेत्रीय प्रबंधक रमेश, दुर्गापुर सिटी सेंटर शाखा के प्रबंधक अजय भारद्वाज, तथा बैंक के रिकवरी विभाग के प्रमुख प्रवीण कुमार सहित अन्य उच्च अधिकारी इस आयोजन में उपस्थित रहे। उप-क्षेत्रीय प्रबंधक रमेश ने मेले की आवश्यकता और इसकी लोकप्रियता पर प्रकाश डालते हुए बताया कि बीते 9 सितंबर को भी इसी स्थान पर परिसंपत्ति मेला आयोजित हुआ था, जिसे ग्राहकों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया प्राप्त हुई थी। इसी प्रेरणा से बैंक ने एक बार फिर परिसंपत्ति मेले का आयोजन किया। उन्होंने कहा कि यह मेला उन ग्राहकों हेतु एक उत्कृष्ट मंच है, जो बाजार दर की तुलना में उचित दर पर वाणिज्यिक, आवासीय संपत्तियों तथा प्लॉट्स में निवेश करना चाहते हैं।

बैंक के रिकवरी विभाग प्रमुख प्रवीण कुमार ने नीलामी में बोली लगाने वालों को दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि संपत्ति प्राप्त करने वाले ग्राहकों के दस्तावेजों का गहन सत्यापन होगा और तत्पश्चात संबंधित संपत्ति को बोलीदाताओं के नाम पर हस्तांतरित किया जाएगा। प्रवीण कुमार ने दावा किया कि इस परिसंपत्ति मेले में विभिन्न प्रकार की संपत्तियाँ बाजार दर से निम्न मूल्य पर नीलामी के लिए उपलब्ध हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बैंक द्वारा प्रस्तुत संपत्तियों का मूल्यांकन पारदर्शिता के साथ किया गया है, ताकि ग्राहकों को मूल्य संबंधी संतुष्टि मिल सके।

यह परिसंपत्ति मेला न केवल बैंक की रिकवरी को गति प्रदान करता है, बल्कि लोन अदायगी में असफल रहे ग्राहकों से संपत्ति की वापसी के लिए एक सुव्यवस्थित प्रक्रिया भी है। इस प्रकार के मेले से न केवल बैंक को अपनी अटकी हुई संपत्तियों से वित्तीय लाभ मिलता है, बल्कि संपत्ति खरीदारों को भी उचित दर पर संपत्ति खरीदने का सुअवसर प्राप्त होता है।
मेले में उपस्थित जनसमुदाय और ग्राहकों ने इस नीलामी प्रक्रिया को अत्यंत व्यावहारिक और पारदर्शी बताया, वहीं आयोजकों ने भी इसे बैंकों के लिए एक सफल प्रयास के रूप में माना।

Social Share or Summarize with AI

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Hey there! Ask me anything!