Category: RANIGANJ-JAMURIA

  • हाल ही में हुई घटना के बाद सख्त कार्रवाई  रानीगंज में भाजपा का संगठनात्मक फेरबदल, मंडल-1 कमेटी भंग

    हाल ही में हुई घटना के बाद सख्त कार्रवाई रानीगंज में भाजपा का संगठनात्मक फेरबदल, मंडल-1 कमेटी भंग

    *बंगाल मिरर, आसनसोल व रानीगंज, राजा बंदोपाध्यायः* स्वतंत्रता दिवस से ठीक एक दिन पहले आसनसोल के रानीगंज में भाजपा और विश्व हिंदू परिषद के सदस्यों के बीच एक घटना को लेकर झड़प हुई थी। उसी घटना को लेकर मंगलवार को रानीगंज थाने में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस के साथ उनकी बहस भी हुई। इस मामले में पुलिस ने आनंद साउ समेत दो लोगों को हिरासत में लिया।इसके बाद भाजपा के आसनसोल सांगठनिक जिला नेतृत्व ने कड़ा संगठनात्मक कदम उठाया।

    मंगलवार को आसनसोल सांगठनिक जिला कार्यालय से एक साथ तीन विज्ञप्तियां जारी कर रानीगंज के पार्टी के कई नेताओं के खिलाफ कार्रवाई की गई।जिला अध्यक्ष देवतनु भट्टाचार्य के हस्ताक्षर वाली विज्ञप्ति में जिला सचिव या संपादक के पद से बादशा चट्टोपाध्याय को मुक्त करने के साथ-साथ रानीगंज विधानसभा के मंडल-1 की संगठनात्मक जिम्मेदारी से आनंद साउ को भी हटा दिया गया है।इसके अलावा रानीगंज मंडल-1 की मौजूदा कमेटी को भी भंग कर दिया गया है।

    नई कमेटी के गठन तक मंडल-1 के संगठनात्मक कार्यों को संचालित करने के लिए जिला नेतृत्व की ओर से एक कोर कमेटी का गठन किया गया है।इस कोर कमेटी का संयोजक देवजीत खान को बनाया गया है। सह-संयोजक की जिम्मेदारी डॉ. राजा भौमिक और शताब्दी चट्टोपाध्याय को दी गई है। कमेटी के सदस्यों में दिनेश सोनी, शंकर साउ, मनु वर्मा, देवाशीष केवड़ा और शोभा देवी यादव शामिल हैं।पार्टी सूत्रों के अनुसार, मौजूदा स्थिति और प्रदेश नेतृत्व की मंजूरी के आधार पर यह संगठनात्मक फैसला लिया गया है।

    हालांकि, विज्ञप्ति में कार्रवाई के स्पष्ट कारण का विस्तार से उल्लेख नहीं किया गया है।राजनीतिक हलकों के एक वर्ग के अनुसार, कुछ दिन पहले रानीगंज शहर में भाजपा और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं के बीच हुई झड़प की घटना के बाद लिया गया यह फैसला काफी महत्वपूर्ण है।माना जा रहा है कि पार्टी के अंदर अनुशासन बनाए रखने और भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से जिला नेतृत्व ने यह कड़ा कदम उठाया है। मंडल-1 की नई कमेटी गठित होने तक कोर कमेटी किस तरह संगठन का संचालन करती है और रानीगंज में पार्टी की संगठनात्मक एकता कितनी कायम रहती है, अब राजनीतिक हलकों की नजर इसी पर है।

  • रानीगंज में फिर धंसी जमीन, 20 फीट गहराई में धंस गया इलाका

    रानीगंज में फिर धंसी जमीन, 20 फीट गहराई में धंस गया इलाका

    *बंगाल मिरर, रानीगंज और आसनसोल, चरण मुखर्जी एवं राजा बनर्जीः* आबादी वाले इलाके, स्कूल और आईसीडीएस केंद्र के पास हर पल खतरे का साया मंडरा रहा है। लगातार हो रही बारिश के बीच पश्चिम बर्दवान जिले के रानीगंज के रघुनाथचक में एक बार फिर जमीन धंसने की घटना हुई। मंगलवार दोपहर बल्लभपुर ग्राम पंचायत के रघुनाथचक दूषादपाड़ा इलाके में करीब 100 वर्गफुट जमीन लगभग 20 फीट गहराई तक धंस गई। स्थानीय लोगों के अनुसार, घटना के बाद इलाके में भारी दहशत फैल गई है। धंसाव वाली जगह से कुछ ही दूरी पर घनी आबादी, एक आईसीडीएस केंद्र और स्कूल स्थित है। ऐसे में स्थानीय लोगों को बड़े हादसे की आशंका सता रही है।स्थानीय लोगों का आरोप है कि जमीन धंसने के पीछे इलाके की पुरानी भूमिगत कोयला खदानें हैं।

    ब्रिटिश शासन के दौरान बंगाल कोल कंपनी की खदानों में कोयला निकालने के बाद कई जगहों पर सही तरीके से बालू भराई नहीं की गई थी। इसके कारण जमीन के नीचे खोखले स्थान बन गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के पानी से इन हिस्सों की मिट्टी कमजोर हो जाती है, जिसके कारण बार-बार जमीन धंस रही है।इससे पहले भी अगस्त 2023 में बारिश के दौरान रघुनाथचक के षष्ठीतला इलाके में इसी तरह जमीन धंसने की घटना हुई थी।

    इसके बावजूद धंसाव वाले इलाकों की पहचान कर स्थायी व्यवस्था क्यों नहीं की गई, इसे लेकर स्थानीय लोगों ने सवाल उठाए हैं।घटना की जानकारी मिलने के बाद सीटू नेता हेमंत प्रभाकर ने पुलिस और रानीगंज के बीडीओ को लिखित रूप से मामले की जानकारी दी। उन्होंने मांग की कि धंसाव संभावित इलाकों की जल्द पहचान कर खतरनाक हिस्सों में बालू भराई की व्यवस्था की जाए।

    फिलहाल पुलिस ने धंसाव वाले इलाके में बैरिकेडिंग कर दी है।हालांकि, स्थानीय लोगों का सवाल है कि आखिर कितनी बार जमीन धंसने के बाद प्रशासन जागेगा? उन्हें आशंका है कि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो किसी दिन आबादी वाले इलाके में बड़ा हादसा हो सकता है। इसलिए भूमिगत खोखले हिस्सों की जल्द पहचान कर बालू भराई करने और धंसाव वाले क्षेत्रों को घेरकर सुरक्षा व्यवस्था करने की मांग उठी है।

  • রানিগঞ্জে আবার ধস, ২০ ফুট গভীরে তলিয়ে গেল মাটি

    রানিগঞ্জে আবার ধস, ২০ ফুট গভীরে তলিয়ে গেল মাটি

    *বেঙ্গল মিরর, রানিগঞ্জ ও আসানসোল, চরণ মুখার্জী ও রাজা বন্দোপাধ্যায়ঃ* জনবসতি এলাকা, স্কুল ও আইসিডিএস সেন্টারের কাছে প্রতি মুহুর্তে বিপদের হাতছানি। টানাবর্ষার বৃষ্টিতে আবারও ধস নামলো পশ্চিম বর্ধমান জেলার রানিগঞ্জের রঘুনাথচকে। মঙ্গলবার দুপুরের দিকে বল্লভপুর গ্রাম পঞ্চায়েতের রঘুনাথচক দুষাদপাড়া এলাকায় প্রায় ১০০ বর্গফুট এলাকা ২০ ফুট গভীরে তলিয়ে যায় বলে স্থানীয়দের দাবি। ঘটনাকে ঘিরে এলাকায় ছড়িয়েছে তীব্র আতঙ্ক। ধসের জায়গা থেকে কিছুটা দূরেই রয়েছে ঘন জনবসতি, একটি আইসিডিএস কেন্দ্র এবং স্কুল। ফলে বড়সড় বিপদের আশঙ্কা করছেন বাসিন্দারা।

    স্থানীয়দের অভিযোগ, ধসের নেপথ্যে রয়েছে এলাকার পুরনো ভূগর্ভস্থ কয়লাখনি। ব্রিটিশ আমলে বেঙ্গল কোল কোম্পানির খনি এলাকায় কয়লা উত্তোলনের পরে বহু জায়গায় ঠিকমতো বালি ভরাট করা হয়নি। ফলে মাটির নীচে তৈরি হয়েছে ফাঁপা জায়গা। বর্ষার জলে সেই অংশের মাটি দুর্বল হয়ে বার বার ধস নামছে বলে স্থানীয়দের অভিযোগ।

    এর আগেও ২০২৩ সালের এই আগস্ট মাসেই বর্ষার সময় রঘুনাথচকের ষষ্টিতলা এলাকায় একই ভাবে ধস নেমেছিল। তার পরেও কেন ধসপ্রবণ এলাকাগুলি চিহ্নিত করে স্থায়ী ব্যবস্থা নেওয়া হয়নি। তা নিয়ে প্রশ্ন তুলেছেন বাসিন্দারা।ঘটনার খবর পেয়ে সিটু নেতা হেমন্ত প্রভাকর পুলিশ এবং রানিগঞ্জের বিডিওকে লিখিত ভাবে বিষয়টি জানান।

    তাঁর দাবি, ধসপ্রবণ এলাকাগুলি দ্রুত চিহ্নিত করে বিপজ্জনক অংশে বালি ভরাটের ব্যবস্থা করতে হবে। ইতিমধ্যে পুলিশ ধসের এলাকা ব্যারিকেড করে দিয়েছে।তবে স্থানীয়দের প্রশ্ন, আর কত বার ধস নামলে নড়বে প্রশাসন? তাঁদের আশঙ্কা, সময় থাকতে ব্যবস্থা না নেওয়া হলে কোনও দিন জনবসতির মধ্যেই বড়সড় বিপর্যয় ঘটতে পারে। তাই দ্রুত ভূগর্ভস্থ ফাঁপা অংশ চিহ্নিত করে বালি ভরাট এবং ধসপ্রবণ এলাকা ঘিরে নিরাপত্তার ব্যবস্থা করার দাবি উঠেছে।

  • हंगामे की घटना में नेता की गिरफ्तारी के विरोध में प्रदर्शन रानीगंज थाने में भाजपा का प्रदर्शन, पुलिस से तीखी बहस, दो हिरासत में

    हंगामे की घटना में नेता की गिरफ्तारी के विरोध में प्रदर्शन रानीगंज थाने में भाजपा का प्रदर्शन, पुलिस से तीखी बहस, दो हिरासत में

    *बंगाल मिरर, रानीगंज, चरण मुखर्जी व राजा बंदोपाध्यायः* स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पहले 14 अगस्त की रात हुई झड़प की घटना का असर खत्म होने से पहले ही आसनसोल का रानीगंज एक बार फिर गर्मा गया। उस दिन की घटना में शामिल होने के आरोप में रानीगंज थाने की पुलिस ने भाजपा मंडल अध्यक्ष सहित कई लोगों को गिरफ्तार किया था। इसी गिरफ्तारी के विरोध में मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने रानीगंज थाने में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने भाजपा के आसनसोल सांगठनिक जिला सदस्य आनंद साउ सहित दो लोगों को हिरासत में ले लिया। इसे लेकर रानीगंज थाना परिसर में काफी तनाव फैल गया।गौरतलब है कि गत 14 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पहले रात में रानीगंज स्टेशन के पास भाजपा और विश्व हिंदू परिषद के सदस्यों के बीच कहासुनी के बाद हाथापाई और मारपीट की घटना हुई थी।

    इस घटना में कई लोग घायल हुए थे। बाद में शिकायत के आधार पर पुलिस ने कुछ लोगों को गिरफ्तार किया।इसी गिरफ्तारी के विरोध में मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ता और समर्थक थाने पहुंचे। उनका आरोप था कि पार्टी के मंडल अध्यक्ष और नेता को क्यों गिरफ्तार किया गया, इसका जवाब पुलिस को देना होगा। प्रदर्शन को लेकर स्थिति तनावपूर्ण हो गई और भाजपा कार्यकर्ताओं व समर्थकों की पुलिस के साथ तीखी बहस हुई।पूरी घटना को लेकर रानीगंज शहर में राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। 14 अगस्त की घटना में वास्तविक दोषी कौन हैं और गिरफ्तारियां कानून के अनुसार हुई हैं या नहीं, इसे लेकर भाजपा के अंदर भी आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गए हैं।

    पुलिस सूत्रों के अनुसार, पूरे मामले की जांच चल रही है। शिकायत के आधार पर कानूनी कार्रवाई की गई है।14 अगस्त और मंगलवार की घटना के बाद उत्पन्न पूरी स्थिति पर पुलिस नजर रख रही है। दोबारा कोई अप्रिय घटना न हो, इस पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।हालांकि, मंगलवार को रानीगंज थाने में हुए घटनाक्रम से पहले विश्व हिंदू परिषद और भाजपा नेताओं ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि इस घटना से भाजपा या विश्व हिंदू परिषद, किसी का भी कोई संबंध नहीं है।

    इस मामले में पुलिस ने कुछ भाजपा नेताओं के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।इसके बाद भाजपा नेता आनंद साउ, तपन चक्रवर्ती और विश्व हिंदू परिषद के सचिव विश्वजीत गराई रानीगंज थाने पहुंचे। उन्होंने भाजपा नेताओं के खिलाफ पुलिस द्वारा एससी-एसटी एक्ट लागू किए जाने का कड़ा विरोध किया।थाने के इंस्पेक्टर-इन-चार्ज ने भाजपा नेताओं को समझाने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने विरोध जारी रखा। अंत में थाना परिसर में अव्यवस्था पैदा करने के आरोप में पुलिस ने आनंद साउ और तपन चक्रवर्ती को हिरासत में ले लिया।

  • গন্ডগোলের ঘটনায় নেতা গ্রেফতারের প্রতিবাদ  রানিগঞ্জ থানায় বিজেপির বিক্ষোভ, পুলিশের সঙ্গে বাকবিতন্ডা, আটক দুই

    গন্ডগোলের ঘটনায় নেতা গ্রেফতারের প্রতিবাদ রানিগঞ্জ থানায় বিজেপির বিক্ষোভ, পুলিশের সঙ্গে বাকবিতন্ডা, আটক দুই

    *বেঙ্গল মিরর, রানিগঞ্জ, চরণ মুখার্জী ও রাজা বন্দোপাধ্যায়ঃ* স্বাধীনতা দিবসের আগের দিন ১৪ আগস্ট রাতের সংঘর্ষের ঘটনার রেশ কাটতে না কাটতেই আবারও উত্তপ্ত হলে আসানসোলের রানিগঞ্জ। সেদিনের ঘটনায় জড়িত থাকার অভিযোগে রানিগঞ্জ থানার পুলিশ বিজেপি মন্ডল সভাপতি সহ বেশ কয়েকজনকে গ্রেফতার করে। সেই গ্রেফতারের প্রতিবাদে মঙ্গলবার রানিগঞ্জ থানায় বিক্ষোভ দেখান বিজেপি কর্মী ও সমর্থকরা। বিক্ষোভ চলাকালীন পুলিশ বিজেপির আসানসোল সাংগঠনিক জেলা সদস্য আনন্দ সাউ সহ দুজনকে আটক করে। যা নিয়ে রানিগঞ্জ থানা চত্বরে ব্যাপক উত্তেজনা ছড়িয়ে পড়ে। প্রসঙ্গতঃ, গত ১৪ আগস্ট স্বাধীনতা দিবসের আগের দিন রাতে রানিগঞ্জ স্টেশন সংলগ্ন এলাকায় বিজেপি ও বিশ্ব হিন্দু পরিষদের সদস্যদের মধ্যে বচসা থেকে হাতাহাতি ও মারধরের ঘটনা ঘটে।

    ঘটনায় বেশ কয়েকজন আহত হন। পরবর্তী সময়ে অভিযোগের ভিত্তিতে পুলিশ কয়েকজনকে গ্রেফতার করে।সেই গ্রেফতারের প্রতিবাদেই মঙ্গলবার থানায় আসেন বিজেপি কর্মী ও সমর্থকরা। তাদের অভিযোগ, দলের মণ্ডল সভাপতি ও নেতাকে কেন গ্রেফতার করা হয়েছে, তার জবাব দিতে হবে পুলিশকে। বিক্ষোভ ঘিরে পরিস্থিতি উত্তপ্ত হয়ে উঠে। পুলিশের সঙ্গে বিজেপির কর্মী ও সমর্থকদের বাকবিতন্ডা হয়।

    গোটা ঘটনাকে কেন্দ্র করে রাজনৈতিক উত্তাপ ছড়িয়েছে শহর রানিগঞ্জে। ১৪ আগস্টের ঘটনায় প্রকৃত দোষী কারা ও গ্রেফতার আইন মেনেই হয়েছে কি না, তা নিয়ে বিজেপির অন্দরে চাপানউতোর শুরু হয়েছে। পুলিশ সূত্রে জানা গেছে, গোটা ঘটনার তদন্ত চলছে। অভিযোগের ভিত্তিতে আইনি পদক্ষেপ করা হয়েছে।১৪ আগষ্ট ও এদিনের ঘটনার পরিপ্রেক্ষিতে হওয়া গোটা পরিস্থিতির দিকে নজর রাখছে পুলিশ। নতুন করে যাতে কোনও অপ্রীতিকর ঘটনা না ঘটে, সেদিকে নজর রাখছে পুলিশ।

    তবে, এদিন রানিগঞ্জ থানার ঘটনার আগে বিশ্ব হিন্দু পরিষদ এবং বিজেপি নেতারা একটি সাংবাদিক সম্মেলনে জানান, এই ঘটনায় বিজেপি বা বিশ্ব হিন্দু পরিষদ কারোরই কোনো সম্পর্ক নেই। এই ঘটনায় পুলিশ এসসি-এসটি আইনে কিছু বিজেপি নেতার বিরুদ্ধে মামলা দায়ের করেছে। এরপরই বিজেপি নেতা আনন্দ সাউ, তপন চক্রবর্তী এবং বিশ্ব হিন্দু পরিষদের সম্পাদক বিশ্বজিৎ গরাই রানিগঞ্জ থানায় আসেন। তারা বিজেপি নেতাদের বিরুদ্ধে পুলিশের এসসি-এসটি আইন প্রয়োগের তীব্র প্রতিবাদ জানান। থানার ইন্সপেক্টর ইনচার্জ বিজেপি নেতাদের বোঝানোর চেষ্টা করেন। কিন্তু তারা প্রতিবাদ অব্যাহত রাখেন। শেষে থানা চত্বরে বিশৃঙ্খলা সৃষ্টির অভিযোগে পুলিশ আনন্দ সাউ এবং তপন চক্রবর্তীকে আটক করে।

  • जामुड़िया में पत्थर लदे 14 ट्रैक्टर जब्त, मुख्य आरोपी समेत 5 गिरफ्तार

    जामुड़िया में पत्थर लदे 14 ट्रैक्टर जब्त, मुख्य आरोपी समेत 5 गिरफ्तार

    *बंगाल मिरर, जामुड़िया व आसनसोल, राजा बनर्जीः* आसनसोल के जामुड़िया थाना क्षेत्र के जयनगर से पत्थर लादकर जा रहे 14 ट्रैक्टरों को पुलिस ने जब्त कर लिया। इस मामले में चार ट्रैक्टर मालिकों समेत कुल 5 लोगों को जामुड़िया थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है।पुलिस सूत्रों के अनुसार, जयनगर से पत्थर लोड कर 14 ट्रैक्टर जा रहे थे। गुप्त सूचना मिलने के बाद जामुड़िया थाना पुलिस ने अभियान चलाकर सभी ट्रैक्टरों को रोककर जब्त कर लिया।

    मामले में संलिप्तता के आरोप में चार ट्रैक्टर मालिकों को गिरफ्तार किया गया।बताया गया है कि कोयला कारोबारी विकास गड़ाई इस अवैध कारोबार का मुख्य सूत्रधार या ‘मास्टरमाइंड’ है। पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया है।गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपियों को सोमवार को जामुड़िया थाना पुलिस ने आसनसोल अदालत में पेश किया। पुलिस यह जांच कर रही है कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और पत्थरों की तस्करी किन-किन जगहों पर की जाती थी।

  • জামুড়িয়ায় পাথর বোঝাই ১৪টি ট্রাক্টর আটক, গ্রেফতার মুল চক্রী সহ ৫

    জামুড়িয়ায় পাথর বোঝাই ১৪টি ট্রাক্টর আটক, গ্রেফতার মুল চক্রী সহ ৫

    L *বেঙ্গল মিরর , জামুড়িয়া ও আসানসোল, রাজা বন্দোপাধ্যায়ঃ* আসানসোলের জামুড়িয়া থানার জয়নগর থেকে পাথর বোঝাই করে যাওয়ার সময় ১৪টি ট্রাক্টর আটক করলো পুলিশ। এই ঘটনায় চার ট্রাক্টরের মালিক সহ মোট ৫ জনকে গ্রেফতার করেছে জামুড়িয়া থানার পুলিশ।পুলিশ সূত্রে জানা গেছে, জয়নগর থেকে পাথর লোড করে ১৪টি ট্রাক্টর যাচ্ছিল। গোপন সূত্রে খবর পেয়ে জামুড়িয়া থানার পুলিশ অভিযান চালিয়ে ট্রাক্টরগুলিকে আটক করে।

    ঘটনায় জড়িত থাকার অভিযোগে চারজন ট্রাক্টর মালিককে গ্রেফতার করা হয়।জানা গেছে, কয়লা কারবারি বিকাশ গড়াই এই বেআইনি কাজের মূলচক্রী বা ‘মাস্টারমাইন্ড’। তাকে গ্রেফতার করা হয়েছে।ধৃত পাঁচজনকে সোমবার জামুড়িয়া থানার পুলিশ আসানসোল আদালতে পেশ করে। এই বেআইনী কাজের সঙ্গে আর কারা জড়িত এবং পাথর পাচার কোথায় কোথায় করা হতো, তা খতিয়ে দেখছে পুলিশ।

  • स्वतंत्रता दिवस की परेड के बाद गायब हुए जामुड़िया के ECL कर्मी, मोबाइल बंद होने से बढ़ा रहस्य जांच में जुटी पुलिस

    स्वतंत्रता दिवस की परेड के बाद गायब हुए जामुड़िया के ECL कर्मी, मोबाइल बंद होने से बढ़ा रहस्य जांच में जुटी पुलिस

    *बंगाल मिरर, जामुड़िया एवं कुल्टी, राजा बंदोपाध्याय:* स्वतंत्रता दिवस की सुबह परेड में शामिल होने के लिए घर से निकले थे। उन्होंने परेड में हिस्सा भी लिया, लेकिन उसके बाद ECL के सुरक्षा कर्मी राहुल भट्टाचार्य अचानक लापता हो गए। शनिवार सुबह के बाद वह घर नहीं लौटे। परिवार के सदस्य भी उनसे संपर्क नहीं कर सके। उनका मोबाइल फोन भी बंद है। परेड के बाद मैदान से निकलने के बाद उनके अचानक गायब होने को लेकर अब कई सवाल खड़े हो गए हैं।ECL के जामुड़िया सातग्राम एरिया की निंघा कोलियरी के सुरक्षा विभाग में कार्यरत 34 वर्षीय राहुल के लापता होने के मामले में उनकी पत्नी राधारानी भट्टाचार्य ने कुल्टी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है।

    पुलिस ने रविवार, 16 अगस्त को शिकायत के आधार पर GD नंबर 884 दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।जानकारी के अनुसार, राहुल भट्टाचार्य जामुड़िया थाना क्षेत्र के पनियाटी वर्कशॉप के क्वार्टर नंबर PWS/NHS/71 में रहते हैं। 15 अगस्त, शनिवार की सुबह करीब 5 बजे वह अपनी मोटरसाइकिल से सांकतोड़िया ग्राउंड के लिए रवाना हुए थे।

    उन्हें वहां स्वतंत्रता दिवस की परेड में हिस्सा लेना था।परिवार का दावा है कि परेड में शामिल होने के बाद राहुल से किसी तरह का संपर्क नहीं हो सका। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर परिवार के सदस्य चिंतित हो गए। इसके बाद सांकतोड़िया ग्राउंड में जानकारी लेने पर उन्हें पता चला कि राहुल ने परेड में हिस्सा लिया था। परेड समाप्त होने के बाद वह वहां से निकल भी गए थे। लेकिन उसके बाद उनका कोई पता नहीं चला। राहुल का मोबाइल फोन बंद होने से परिवार की चिंता और बढ़ गई है।

    परेड में उनकी मौजूदगी की पुष्टि हो चुकी है, लेकिन कार्यक्रम स्थल से निकलने के बाद वह कहां गए, किसी से संपर्क किया या नहीं अथवा किस रास्ते से रवाना हुए, इसका अभी तक कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल पाया है।राहुल की पत्नी द्वारा थाने में शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस ने उनकी तलाश में जांच शुरू कर दी है। परेड के बाद राहुल की गतिविधियों, संभावित आवागमन के रास्तों और उनके संपर्कों की जांच की जा रही है।

    स्वतंत्रता दिवस की परेड में शामिल होने के बाद एक ECL सुरक्षा कर्मी के इस तरह लापता होने की घटना से परिवार में स्वाभाविक रूप से चिंता का माहौल है। ECL प्रबंधन भी इस घटना को लेकर चिंतित है।परेड मैदान से निकलने के बाद आखिर राहुल भट्टाचार्य कहां गए? जांच में जुटी पुलिस अब इसी सवाल का जवाब तलाश रही है।

  • স্বাধীনতা দিবসের প্যারেড শেষে উধাও জামুড়িয়ার ইসিএলকর্মী, বন্ধ মোবাইলে বাড়ছে রহস্য  তদন্তে পুলিশ

    স্বাধীনতা দিবসের প্যারেড শেষে উধাও জামুড়িয়ার ইসিএলকর্মী, বন্ধ মোবাইলে বাড়ছে রহস্য তদন্তে পুলিশ

    *বেঙ্গল মিরর, *জামুড়িয়া ও কুলটি, রাজা বন্দোপাধ্যায়ঃ* স্বাধীনতা দিবসের সকালে প্যারেডে অংশ নিতে বাড়ি থেকে বেরিয়েছিলেন। প্যারেডে যোগও দিয়েছিলেন। কিন্তু তার পরেই উধাও হয়ে গেলেন ইসিএলের নিরাপত্তা কর্মী রাহুল ভট্টাচার্য। শনিবার সকালের পরে আর বাড়ি ফেরেননি। পরিবারের সদস্যরাও তার সঙ্গে যোগাযোগ করতে পারেননি। ঐ ইসিএল কর্মীর মোবাইল ফোনও বন্ধ। প্যারেডের পরে মাঠ থেকে বেরোনোর পর তাঁর এই উধাও হয়ে যাওয়া নিয়ে এখন তৈরি হয়েছে একাধিক প্রশ্ন।ইসিএলের জামুড়িয়ার সাতগ্রাম এরিয়ার নিংঘা কোলিয়ারির নিরাপত্তা বিভাগে কর্মরত ৩৪ বছরের রাহুলের নিখোঁজ হওয়ার ঘটনায় কুলটি থানায় লিখিত অভিযোগ দায়ের করেছেন তাঁর স্ত্রী রাধারানি ভট্টাচার্য।

    পুলিশ ১৬ আগস্ট রবিবার সেই অভিযোগে জিডি নম্বর ৮৮৪ নথিভুক্ত করে তদন্ত শুরু করেছে।জানা গেছে, জামুড়িয়া থানার পনিয়াটি ওয়ার্কশপের কোয়ার্টার নম্বর পিডাবলুএস/এনএইচএস/৭১-এ থাকেন রাহুল ভট্টাচার্য । ১৫ আগস্ট শনিবার ভোর প্রায় ৫টা নাগাদ নিজের মোটর বাইকে সাঁকতোড়িয়া গ্রাউন্ডের উদ্দেশে রওনা দেন তিনি। সেখানে স্বাধীনতা দিবসের প্যারেডে অংশ নেওয়ার কথা ছিল তাঁর।পরিবারের দাবি,প্যারেডে অংশ নেওয়ার পর থেকেই রাহুলের সঙ্গে আর কোনও যোগাযোগ করা সম্ভব হয়নি।

    দীর্ঘ সময় বাড়ি না ফেরায় উদ্বিগ্ন হয়ে পড়েন পরিবারের সদস্যেরা। পরে সাঁকতোড়িয়া গ্রাউন্ডে খোঁজ নিয়ে তাঁরা জানতে পারেন, রাহুল প্যারেডেও অংশ নিয়েছিলেন। প্যারেড শেষে তিনি সেখান থেকে বেরিয়েও গিয়েছিলেন। কিন্তু তারপর তাঁর আর কোন সন্ধান মেলেনি। ঘটনায় উদ্বেগ আরো বাড়িয়েছে রাহুলের মোবাইল ফোন বন্ধ থাকায়।প্যারেডে তাঁর উপস্থিতি নিশ্চিত হলেও অনুষ্ঠান স্থল থেকে বেরিয়ে যাওয়ার পর তিনি কোথায় গেছেন , কারও সঙ্গে যোগাযোগ হয়েছিল কি না, কিংবা কোন পথে রওনা দিয়েছিলেন, তার কোন স্পষ্ট উত্তর এখনো পর্যন্ত মেলেনি।

    রাহুলের স্ত্রী থানায় অভিযোগ দায়ের করার পরে তাঁর সন্ধানে তদন্ত শুরু করেছে পুলিশ। প্যারেডের পর রাহুলের গতিবিধি, সম্ভাব্য যাতায়াতের পথ এবং যোগাযোগের বিষয়গুলি খতিয়ে দেখা হচ্ছে।স্বাধীনতা দিবসের প্যারেডে যোগ দেওয়ার পর একজন ইসিএল নিরাপত্তাকর্মীর এইভাবে নিখোঁজ হয়ে যাওয়ার ঘটনায় স্বাভাবিক ভাবেই উদ্বেগ ছড়িয়েছে পরিবারে। ইসিএল কতৃপক্ষও এই ঘটনা নিয়ে উদ্বেগের মধ্যে রয়েছে। প্যারেডের মাঠ থেকে বেরোনোর পর ঠিক কোথায় গেলেন রাহুল ভট্টাচার্য ? তদন্তে নেমে সেই প্রশ্নের উত্তরই এখন খুঁজছে পুলিশ।

  • रानीगंज हिंसा मामले में भाजपा कार्यकर्ता गिरफ्तार, SC-ST एक्ट के तहत स्पेशल कोर्ट में होगी सुनवाई

    रानीगंज हिंसा मामले में भाजपा कार्यकर्ता गिरफ्तार, SC-ST एक्ट के तहत स्पेशल कोर्ट में होगी सुनवाई

    *बंगाल मिरर, रानीगंज,एस सिंह :*रानीगंज पुलिस और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए इलाके में लागतार छापेमारी कर रही है कई आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए भूमिगत हो गए है। आसनसोल देश की आजादी से एक दिन पहले रानीगंज में बर्चस्व की लड़ाई ने ऐसा भयानक रूप लिया 14 अगस्त 2026 की काली रात में रानीगंज रेल स्टेशन के सामने रानीगंज में बर्चस्व की लड़ाई में भाजपा और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं में हिंसक झड़प हो गई जिसमें 6 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए इस मामले में रानीगंज थाना पुलिस ने भाजपा कार्यकर्ता रंजीत सिंह को गिरफ्तार कर रविवार को आसनसोल सीजीएम अदालत में पेश कर 7 दिन के पुलिस रिमांड की मांग की लेकिन चुकी यह मामला SC एवं ST।

    एक्ट के तहत मामला संख्या342/ 26 पंजीकृत है इस मामले में एसीपी सेंट्रल जोन टू को जाँच अधिकारी बनाया गया है यह मामला की सुनवाई स्पेशल कोर्ट में होगा इसलिए सीजीएम अदालत ने आरोपी के9 जमानत अर्जी रद्द कर उसे आसनसोल जेल भेज दिया। सोमवार को इस मामले की सुनवाई स्पेशल कोर्ट में होगी ।

    विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता शुभम राउत की ओर से दर्ज प्राथमिकी में कहा गया है कि वह रानीगंज रेल स्टेशन के समीप 14 अगस्त की शाम को खड़ा था तभी भाजपा कार्यकर्ता राजू गोराई वहां आया और उसे जातीसूचक शब्दों से संबोधित कर उसे गलियाँ देने लगा विरोध करने पर राजू गोराई ऋतिक सिंह अजय सिंह उर्फ बम्बा बिट्टू दत्ता बादशाह चौधरी को बुला लिया जिन लोगों ने रॉड लोहा का चैन हॉकी से उनलोगों पर जानलेवा हमला कर। गंभीर रूप से घायल कर दिया इस मामले में पुलिस ने शमशेर सिंह चंदन सिंह रितेश ठाकुर को भी नामजद आरोपी बनाया है