Asansol : Kalipahari Byepass line के लिए 107 करोड़
बंगाल मिरर, आसनसोल : भारतीय रेलवे ने बुनियादी ढांचे के आधुनिकीकरण और परिचालन दक्षता बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए 4.75 किमी लंबी कालीपहाड़ी बाईपास लाइन के निर्माण को मंजूरी दे दी है।
परियोजना की मुख्य विशेषताएं:
अनुमानित लागत: इस पूरे प्रोजेक्ट पर ₹107.10 करोड़ खर्च किए जाएंगे।
कुल लंबाई: नई रेल लाइन की कुल लंबाई 4.75 किलोमीटर होगी।
उद्देश्य: यह बाईपास लाइन आसनसोल यार्ड में इंजन बदलने (engine reversal) की जरूरत को खत्म कर देगी।
यात्रियों और मालगाड़ियों को होने वाले लाभ:
इस नई लाइन के शुरू होने से न केवल समय की बचत होगी, बल्कि रेलवे के परिचालन में भी सुधार आएगा














समय की भारी बचत: मालगाड़ियों के लिए लगभग 90 मिनट और कोचिंग (पैसेंजर) ट्रेनों के लिए करीब 30 मिनट की दैनिक बचत होगी।
सुगम आवाजाही: आसनसोल यार्ड में इंजन रिवर्सल की प्रक्रिया खत्म होने से ट्रेनों का परिचालन निर्बाध (streamline) हो जाएगा।
भीड़भाड़ में कमी: यह आसनसोल क्षेत्र में होने वाली रेल ट्रैफिक की भीड़भाड़ को कम करने में मददगार साबित होगा।
बेहतर कनेक्टिविटी: यह बाईपास आसनसोल-हावड़ा ट्रैक को कालीपहाड़ी-मोहिषिला-दामोदर ट्रैक से सीधे जोड़ेगा, जिससे पूर्वी रेलवे और दक्षिण पूर्व रेलवे के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा।
कालीपहाड़ी बाईपास लाइन परियोजना की समय-सीमा और वर्तमान स्थिति इस प्रकार है:
मंजूरी (Sanction Date): भारतीय रेलवे ने इस परियोजना को 26 फरवरी 2026 को आधिकारिक रूप से मंजूरी दी है।
वर्तमान स्थिति: यह प्रोजेक्ट अभी अपने शुरुआती चरण (Sanctioned phase) में है, जिसका उद्देश्य आसनसोल क्षेत्र में ट्रेनों के परिचालन में होने वाली देरी को कम करना है।
अनुमानित समय-सीमा (Expected Completion): रेलवे के कुछ आधिकारिक चर्चाओं और संबंधित टेंडर दस्तावेजों के अनुसार, इस क्षेत्र में अन्य महत्वपूर्ण कार्यों (जैसे कालीपहाड़ी और बख्तरनगर के बीच 5वीं लाइन) के साथ इसके जून 2027 तक पूरा होने की संभावना जताई गई है।
इस परियोजना के पूरा होने के बाद, यह आसनसोल यार्ड में इंजन बदलने की समस्या को खत्म कर देगी, जिससे मालगाड़ियों और यात्री ट्रेनों के समय में महत्वपूर्ण बचत होगी।
सीधा संपर्क (Direct Connectivity): यह लाइन आसनसोल-हावड़ा मुख्य लाइन को कालीपहाड़ी-दामोदर सेक्शन से सीधे जोड़ेगी。 इससे दक्षिण पूर्व रेलवे (SER) की ओर जाने वाली गाड़ियों को मुख्य स्टेशन में प्रवेश करने की जरूरत नहीं होगी
आसनसोल चैंबर ऑफ कॉमर्स के सचिव शंभू नाथ झा ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि इसके साथही मोहिशीला में एक नया रेलवे स्टेशन बनाया जाए इससे शहर के विकास को और गति मिलेगी और शहर दूसरी और भी विस्तार होकर और विकसित होगा





