पांडवेश्वर में आबादी वाले इलाके में फिर धंसी जमीन, दहशत ईसीएल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप
*बंगाल मिरर, पांडवेश्वर, राजा बंदोपाध्यायः* रातभर हुई मूसलाधार बारिश के बाद पांडवेश्वर विधानसभा क्षेत्र के हरिपुर के 7/9 पिट में पुराने खदान चानक के पास मंडलपाड़ा इलाके में एक बार फिर जमीन धंसने की घटना सामने आई। घनी आबादी वाले इलाके में दोबारा जमीन धंसने से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। सड़क की मिट्टी धंस जाने से वहां एक बड़ा गड्ढा बन गया है। इस घटना को लेकर स्थानीय निवासियों और भाजपा नेता ने ईसीएल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। सुबह घटना की सूचना मिलने के बाद ईसीएल के अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंचे।लगातार बारिश के कारण बुधवार तड़के जमीन धंसने की घटना से स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ गई है।














जानकारी के अनुसार, बुधवार सुबह स्थानीय निवासियों की नजर 7/9 पिट के पास जमीन धंसने की घटना पर पड़ी। खबर फैलते ही आसपास के इलाकों में दहशत का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों को आशंका है कि लगातार बारिश के कारण आने वाले दिनों में स्थिति और खराब हो सकती है।इधर, इस धंसान को लेकर भाजपा युवा मोर्चा के नेता रवींद्र यादव ने कहा कि वर्ष 2018 में भी इस इलाके में आग लगने की बड़ी घटना हुई थी।
उस समय जमीन धंसने की घटना भी हुई थी। तब ईसीएल प्रबंधन की ओर से सुरक्षा को लेकर आश्वासन दिया गया था। लेकिन उनका आरोप है कि इसके बाद भी इलाके की सुरक्षा के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने कहा कि ईसीएल की ओर से पूरी तरह लापरवाही बरती गई है।रवींद्र यादव ने आगे कहा कि बुधवार सुबह एक महिला इसी सड़क से गुजर रही थीं। उनकी किस्मत अच्छी थी, जिसकी वजह से वह बाल-बाल धंसान की चपेट में आने से बच गईं। उनका दावा है कि घटना के बाद इलाके के लोगों में दहशत फैल गई है।
प्रशासन और ईसीएल प्रबंधन को मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द सुरक्षा के इंतजाम करने चाहिए।स्थानीय निवासियों का कहना है कि लगातार बारिश के कारण इलाके की स्थिति धीरे-धीरे चिंताजनक होती जा रही है। पुराने खदान क्षेत्र के आसपास जमीन धंसने की घटना से एक बार फिर लोगों में डर का माहौल बन गया है।स्थानीय लोगों की यह भी मांग है कि प्रशासन और ईसीएल प्रबंधन जल्द घटनास्थल का निरीक्षण कर स्थिति का जायजा लें और आवश्यक सुरक्षा उपाय किए जाएं।
इस संबंध में ईसीएल के अधिकारी तारकेश्वर सिंह ने कहा कि इलाके में एक पुराना खदान चानक है। इसी वजह से जमीन धंसने की घटना हुई है। स्थानीय लोगों द्वारा लगाए गए लापरवाही के आरोप पर उन्होंने कहा कि इसमें ईसीएल की कोई लापरवाही नहीं है। प्रबंधन पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कदम उठाएगा।


