प्रतिबंधित कफ सिरप की तस्करी के दोषी को 10 साल का सश्रम कारावास आसनसोल एनडीपीएस विशेष अदालत ने सुनाई सजा
*बंगाल मिरर, आसनसोल, राजा बंदोपाध्याय:* प्रतिबंधित कफ सिरप फेंसिडिल की तस्करी के मामले में गिरफ्तार और दोषी करार दिए गए तस्कर को सोमवार को सजा सुनाई गई। पश्चिम बर्दवान के आसनसोल स्थित एनडीपीएस विशेष अदालत के न्यायाधीश तथा अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (तीसरी अदालत) ने यह सजा सुनाई।आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के बुदबुद थाने के केस नंबर 123/2023 (दिनांक 01.11.2023) के आधार पर तथा एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21(सी)/25 के तहत आरोपी बप्पा मंडल के खिलाफ सजा सुनाई गई।एनडीपीएस अधिनियम की धारा 21(सी) के तहत दोषी को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 1 लाख रुपये जुर्माने की सजा दी गई है।













जुर्माना नहीं देने पर उसे अतिरिक्त 6 महीने का कारावास भुगतना होगा।भारी मात्रा में फेंसिडिल (कोडीन फॉस्फेट) बरामद होने के मामले में यह केस दर्ज किया गया था। इस मामले की जांच पहले एसआई निर्मल हांसदा और बाद में एसआई हेमंत दत्ता ने की थी।पुलिस सूत्रों के अनुसार, 1 नवंबर 2023 को बुदबुद थाने की पुलिस ने बुदबुद बाईपास पर एक ट्रक को रोका था।
झारखंड से आए उस ट्रक में प्रतिबंधित कफ सिरप फेंसिडिल की 1 लाख बोतलें थीं। पुलिस ने ट्रक चालक बप्पा मंडल से पूछताछ की। पूछताछ में पता चला कि झारखंड से लाई गई इस कफ सिरप को नदिया ले जाया जा रहा था। इसके बाद इसे बांग्लादेश में तस्करी करने की योजना थी।पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी ने यह नहीं बताया कि यह प्रतिबंधित कफ सिरप फेंसिडिल उसे किसने दिया था और उसे यह माल किसे सौंपना था।अगर चाहें तो मैं इसे और ज्यादा अखबार की भाषा में, छोटा और प्रभावशाली करके भी बना सकती हूँ।

