Bidhan Upadhyay का पार्टी कार्यालय भी गया हाथ से, प्रशासन ने जड़ा ताला
बंगाल मिरर, आसनसोल : बाराबनी में सरकारी संपत्ति पर चल रहे तृणमूल कार्यालय पर प्रशासन ने लगाया तालापश्चिम बर्धमान जिले के बाराबनी विधानसभा क्षेत्र के पांचगछिया स्थित स्वर्गीय माणिक उपाध्याय स्मृति भवन में मंगलवार को बाराबनी ब्लॉक प्रशासन ने ताला लगा दिया। इस कार्रवाई के दौरान बाराबनी थाना की पुलिस भी मौके पर मौजूद रही। घटना के बाद पूरे इलाके में चर्चा का माहौल बन गया।जानकारी के अनुसार, यह भवन सरकारी संपत्ति है और लंबे समय से इसे तृणमूल कांग्रेस के कार्यालय के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा था।













स्थानीय लोगों का कहना है कि यहां बाराबनी के पूर्व विधायक एवं आसनसोल नगर निगम के मेयर विधान उपाध्याय बैठा करते थे।बाराबनी के बीडीओ शिलादित्य भट्टाचार्य ने कहा कि यह सरकारी संपत्ति है, इसलिए भवन को बंद कर उस पर ताला लगाया गया है। भवन पर नोटिस भी चस्पा किया गया है, जिसमें इसे सरकारी संपत्ति बताते हुए बिना अनुमति प्रवेश पर रोक लगाई गई है।तृणमूल नेता और पंचायत समिति के शिक्षा कर्माध्यक्ष प्रदीप मिश्रा ने कहा कि जब वे मौके पर पहुंचे तो देखा कि पुलिस प्रशासन की मौजूदगी में पार्टी कार्यालय पर ताला लगाया जा रहा है।
वहीं, मेयर विधान उपाध्याय ने स्वीकार किया कि भवन सरकारी है और पहले यहां एक कम्युनिटी हॉल था। उन्होंने कहा कि अब इस पर क्या कहा जाए, सब कुछ लोग स्वयं देख रहे हैं।दूसरी ओर, बाराबनी के भाजपा विधायक अरिजीत राय ने कहा कि यह कार्रवाई पहले ही हो जानी चाहिए थी। उनका आरोप है कि पिछले 15 वर्षों से तृणमूल कांग्रेस ने सरकारी संपत्तियों पर कब्जे की राजनीति की है। उन्होंने कहा कि अब भवन को कब्जामुक्त कर आम लोगों और सरकारी कार्यक्रमों के उपयोग के लिए विकसित किया जाएगा।भाजपा नेता अभिजीत राय ने भी प्रशासन की कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि कानून के शासन में सभी को जवाबदेह होना पड़ता है और अब प्रशासन निष्पक्ष तरीके से काम कर रहा है।



