Burnpur Midtown Club Election : 13 पदों के लिए 27 उम्मीदवार, अध्यक्ष पर त्रिकोणीय मुकाबला
बंगाल मिरर, बर्नपुर: बर्नपुर मिड टाउन क्लब की कार्यकारिणी समिति के आगामी 11 अगस्त को होने वाले चुनावों को लेकर सरगर्मी अपने चरम पर पहुंच गई है। क्लब के कुल 13 पदों के लिए इस बार कुल 27 उम्मीदवार चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इस प्रतिष्ठित चुनाव में इंटक समर्थित और बीएमएस समर्थित पैनल आमने-सामने हैं, जिससे यह मुकाबला दोनों पक्षों के लिए प्रतिष्ठा की जंग बन चुका है। इस चुनाव में कुल 388 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे।
इस चुनावी समर में अध्यक्ष पद पर बेहद रोमांचक त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल रहा है, जहां इन दोनों गुटों के अलावा महावीर सिंह तीसरे प्रत्याशी के रूप में मैदान में डटे हुए हैं। वहीं, अध्यक्ष पद को छोड़कर बाकी सभी पदों पर दोनों गुटों के उम्मीदवारों के बीच सीधी टक्कर है।














बीएमसी समर्थित पैनल से महासचिव पद के लिए संतोष कुमार झा, सहायक महासचिव के लिए मानस कुमार नायक, कोषाध्यक्ष के लिए राजीव कुमार, खेल सचिव के लिए मिथिलेश सिंह आनंद, सांस्कृतिक सचिव के लिए शिवेश कुमार, खाद्य एवं पेय सचिव के लिए रामवीर सिंह, मनोरंजन सचिव के लिए उत्तम सरकार, और पुस्तकालय सचिव के लिए राजदेव कुमार उम्मीदवार हैं। इसी पैनल से कमिटी मेंबर के रूप में विष्णु चरण बेहरा, झंटू मंडल, रवि शंकर कुमार, देब्रत दास और पार्थ सारथी दास चुनावी मैदान में हैं।

दूसरी ओर, इंटक समर्थित ‘द ट्रू डेमोक्रेटिक अलायंस’ पैनल से महासचिव पद के लिए पवन कुमार गुप्ता, सहायक महासचिव के लिए घनश्याम वर्मा, कोषाध्यक्ष के लिए आलोक कुमार महापात्रा, खेल सचिव के लिए जय प्रकाश कोइरी, सांस्कृतिक सचिव के लिए नवीन कुमार बाउरी, खाद्य एवं पेय सचिव के लिए मधु रंजन कुमार, मनोरंजन सचिव के लिए ओम प्रकाश पासवान, और पुस्तकालय सचिव के लिए विष्णु मोहन प्रुस्टी ताल ठोक रहे हैं। साथ ही, इस पैनल से कमिटी मेंबर के पदों पर नीतीश कुमार, संतोष नाथू पिंपलकर, अनिल कुमार साव, भगवत कुमार और ललन यादव अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर पूरी तरह से साफ हो चुकी है। मतदान की तिथि नजदीक आते ही क्लब परिसर और सदस्यों के बीच सुगबुगाहट तेज हो गई है। अब यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि इन तमाम रोमांचक समीकरणों के बीच मतदाता किस पर भरोसा जताते हैं और अंततः जीत का सेहरा किसके सिर पर बंधता है। गौरतलब है कि इस बार का चुनाव बेहद खास है। निवर्तमान सचिव श्रीकांत शाह पहले इंटक में थे अब वह बीएमएस में है वही क्लब में अनियमितता के आरोप में उन्हें निष्कासित कर दिया गया है। हालांकि उन्होंने आरोप को भी बुनियाद करार दिया था। इसलिए इस बार का चुनाव प्रतिष्ठा का जंग बना हुआ है।


